टाइप 2 डायबिटीज कैसे कंट्रोल होती है? – Type 2 Diabetes Kaise Control Hoti Hai?
जब हमारी बॉडी insulin को ठीक से इस्तेमाल नहीं कर पाती या insulin कम बनता है तो ब्लड शुगर लेवल बढ़ने लगता है। इसी को टाइप 2 डायबिटीज की बीमारी कहते हैं जो आज के दौर में एक आम लेकिन serious बीमारी बन चुकी है। इसलिए, ये जानना बहुत ज़रूरी है कि टाइप 2 डायबिटीज कैसे कंट्रोल होती है।
टाइप 2 डायबिटीज और आयुर्वेद – Type 2 diabetes aur ayurved
टाइप 2 डायबिटीज को आयुर्वेद में मधुमेह कहा जाता है। इसमें ब्लड में शुगर की मात्रा धीरे-धीरे बढ़ती जाती है। आयुर्वेद के हिसाब से टाइप 2 डायबिटीज कफ और वात दोष के बिगड़ने से होती है। ज़्यादा मीठा, तला-भुना, पैक्ड फूड, देर रात खाना, दिन भर बैठे रहना और तनाव बॉडी के मेटाबॉलिज्म को बिगाड़ देते हैं। अच्छी बात यह है कि टाइप 2 डायबिटीज को सही वक़्त पर आयुर्वेदिक और प्राकृतिक तरीकों से काफी हद तक कंट्रोल किया जा सकता है। ये इलाज ज़्यादा सुरक्षित भी है और side-effect-free भी। इसलिए, टाइप 2 डायबिटीज का आयुर्वेदिक उपचार करवाना एक बेहतर और सही कदम है।
टाइप 2 डायबिटीज के लक्षण – Type 2 diabetes ke lakshan
शुरुआत में इसके लक्षण हल्के होते हैं, इसलिए कई लोग इसे ignore कर देते हैं, जो आगे चलकर नुकसान कर सकते हैं। कुछ आम लक्षण इस प्रकार हैं जिन्हें बिलकुल भी ignore न करें –
- बार-बार पेशाब आना
- ज़्यादा प्यास लगना
- जल्दी थकान होना
- ज़्यादा भूख लगना
- वजन कम या कभी-कभी बढ़ना
- घाव का देर से भरना
- आंखों के सामने धुंधलापन






















